हज़रत नूरुल्लाह मुहंदिस (इंजीनियर) देहलवी रहमतुल्लाह अलैह
आप शैख़ अहमद, के फ़रज़न्द और मुजद्दिदे वक़्त हज़रत शैख़ कलीमुल्लाह शाह जहाँ आबादी चिश्ती देहलवी रहमतुल्लाह अलैह के वालिद मुहतरम हैं, आप इल्मे नुजूम और इल्मे हय्यत में इंतिहाई कमाल रखते थे, इसी लिए शाह जहाँ बादशाह ने लाल किला की तामीर के वक़्त इन को मुल्के तजाकिस्तान के शहर खुजनद! से बुलाया था, दिल्ली की जामा मस्जिद की पेशानी पर जो कतबे हैं वो आप ही की बा कमाल उँगलियों का करिश्मा है, चुनांचे कतबे के आखिर में लिखा हुआ है, “कतबा नूरुल्लाह अहमद” आप ईमारत साज़ी ईमारत बना ने में नक्शो निगार के बेहतरीन इनजियर थे।
मज़ार मुबारक
आप का मज़ार, आस्ताना शाह कलीमुल्लाह के पीछे कोट मार्कीट में मरजए खलाइक है,
“अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त की उन पर बेशुमार रहमत हो और उन के सदके में हमारी मगफिरत हो”
रेफरेन्स हवाला
रहनुमाए मज़ाराते दिल्ली

