हज़रत सदरुद्दीन भूरे शाह देहलवी रहमतुल्लाह अलैह
आप को हज़रत शाहे विलायत रहमतुल्लाह अलैह अमरोहा का फ़रज़न्द बताते हैं,
मज़ार मुबारक
आप का मज़ार मुबारक, लाल किले के नीचे पच्छिम की जानिब ही मरजए खलाइक है, 23/ सफारुल मुज़फ्फर को उर्स होता है।
“अल्लाह रब्बुल इज़्ज़त की उन पर बेशुमार रहमत हो और उन के सदके में हमारी मगफिरत हो”
रेफरेन्स हवाला
रहनुमाए मज़ाराते दिल्ली

